New Fuel Price Amid Iran-Israel War: देश की ऑयल मार्केटिंग कंपनियां हर दिन सुबह 6 बजे पेट्रोल और डीजल के नए रेट जारी करती हैं। इन कीमतों को अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल के दाम और विदेशी मुद्रा विनिमय दर के आधार पर तय किया जाता है।
हालांकि भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें मई 2022 के बाद से स्थिर बनी हुई हैं। उस समय केंद्र और कई राज्य सरकारों ने टैक्स में कटौती की थी, जिसके बाद से ईंधन के दामों में बड़ा बदलाव देखने को नहीं मिला है।
प्रमुख शहरों में पेट्रोल और डीजल की कीमतें
देश के प्रमुख शहरों में 10 मार्च को पेट्रोल और डीजल के दाम इस प्रकार दर्ज किए गए:
नई दिल्ली में पेट्रोल 94.72 रुपये और डीजल 87.62 रुपये प्रति लीटर है। मुंबई में पेट्रोल 104.21 रुपये और डीजल 92.15 रुपये प्रति लीटर मिल रहा है। कोलकाता में पेट्रोल 103.94 रुपये और डीजल 90.76 रुपये है, जबकि चेन्नई में पेट्रोल 100.75 रुपये और डीजल 92.34 रुपये प्रति लीटर है।
इसी तरह हैदराबाद में पेट्रोल 107.46 रुपये प्रति लीटर के साथ सबसे महंगा है, जबकि इंदौर में पेट्रोल 106.48 रुपये और पटना में 105.58 रुपये प्रति लीटर दर्ज किया गया है।
ईंधन की कीमतें किन बातों पर निर्भर करती हैं
भारत में ईंधन की कीमतों पर कई कारकों का प्रभाव पड़ता है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत, डॉलर के मुकाबले रुपये की स्थिति, केंद्र और राज्य सरकारों के टैक्स और रिफाइनिंग लागत जैसे कारक इन कीमतों को तय करने में अहम भूमिका निभाते हैं।
इसके अलावा बाजार में ईंधन की मांग और आपूर्ति का संतुलन भी पेट्रोल और डीजल के रेट को प्रभावित करता है।
SMS से जान सकते हैं अपने शहर का रेट
अगर आप अपने शहर का ताजा पेट्रोल और डीजल रेट जानना चाहते हैं तो SMS के जरिए भी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
Indian Oil Corporation के ग्राहक 9224992249 पर RSP भेज सकते हैं।
Bharat Petroleum के ग्राहक 9223112222 पर RSP भेजकर जानकारी ले सकते हैं।
Hindustan Petroleum के ग्राहक 9222201122 पर HP Price लिखकर SMS कर सकते हैं।
घरेलू गैस की सप्लाई बनाए रखने के लिए ESMA लागू
केंद्र सरकार ने आवश्यक सेवाओं को बाधित होने से बचाने के लिए पूरे देश में Essential Services Maintenance Act लागू कर दिया है। इस कानून का उद्देश्य जरूरी सेवाओं की आपूर्ति को लगातार बनाए रखना और हड़ताल जैसी स्थितियों को रोकना है।
सरकार ने रिफाइनरी और पेट्रोकेमिकल कंपनियों को एलपीजी उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए हैं ताकि देश में घरेलू गैस की सप्लाई पर कोई असर न पड़े। इसके साथ ही Essential Commodities Act के तहत भी जरूरी वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने की व्यवस्था की गई है।
